औद्योगिक क्रांति का नया अध्याय: निवेश, निर्यात और रोजगार में उत्तर प्रदेश ने रचे नए कीर्तिमान

UP Industrial News: “आर्थिक समीक्षा 2025-26 के अनुसार उत्तर प्रदेश में औद्योगिक विकास ने नया कीर्तिमान रचा। निवेश, निर्यात और रोजगार में रिकॉर्ड बढ़ोतरी।

हाइलाइट्स :

  • उत्तर प्रदेश का औद्योगिक क्षेत्र बना अर्थव्यवस्था की सबसे मजबूत नींव
  • कारखानों की संख्या 2016-17 के मुकाबले दोगुनी से अधिक
  • सकल मूल्य वर्धन (GVA) में 25% की ऐतिहासिक वृद्धि
  • निर्यात ₹1.86 लाख करोड़ के नए शिखर पर
  • ट्रस्ट बेस्ड गवर्नेंस मॉडल से निवेशकों का भरोसा मजबूत

लखनऊ (उत्तर प्रदेश)। उत्तर प्रदेश के विकास इंजन को नई रफ्तार देते हुए औद्योगिक क्षेत्र अब प्रदेश की अर्थव्यवस्था का सबसे मजबूत आधार बनकर उभरा है। विधानमंडल में प्रस्तुत आर्थिक समीक्षा 2025-26 के आंकड़े बताते हैं कि उत्तर प्रदेश अब न केवल देश, बल्कि वैश्विक स्तर पर भी निवेशकों की पहली पसंद बनता जा रहा है।

औद्योगिक विस्तार: कारखानों और GVA में रिकॉर्ड बढ़ोतरी

आर्थिक समीक्षा के अनुसार प्रदेश में विनिर्माण इकाइयों के पंजीकरण में ऐतिहासिक उछाल दर्ज किया गया है।

  • कारखानों की संख्या:
    वर्ष 2016-17 में 14,169 पंजीकृत कारखाने थे, जो नवंबर 2025 तक बढ़कर 30,695 हो गए हैं।
  • सकल मूल्य वर्धन (GVA):
    उद्योगों के GVA में 25 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज की गई, जो अखिल भारतीय औसत 11.9% से दोगुने से भी अधिक है। इससे उत्तर प्रदेश देश के अग्रणी औद्योगिक राज्यों में शीर्ष स्थान पर पहुंच गया है।

निवेश प्रोत्साहन से मजबूत हुआ भरोसा

निवेशकों का विश्वास जीतने के लिए सरकार ने वर्ष 2025 में विभिन्न योजनाओं के तहत लगभग ₹4,000 करोड़ की इंसेंटिव राशि का भुगतान किया। इससे औद्योगिक विस्तार को और गति मिली।

निर्यात का नया शिखर: ग्लोबल मार्केट में यूपी की धमक

उत्तर प्रदेश अब केवल घरेलू बाजार तक सीमित नहीं रहा, बल्कि वैश्विक मंच पर अपनी मजबूत पहचान बना चुका है।

  • निर्यात वृद्धि:
    वर्ष 2016-17 में ₹0.84 लाख करोड़ से बढ़कर वर्ष 2024-25 में निर्यात ₹1.86 लाख करोड़ तक पहुंच गया।
  • राष्ट्रीय रैंकिंग:
    जनवरी 2026 के एक्सपोर्ट प्रिपेयर्डनेस इंडेक्स में उत्तर प्रदेश को देश में चौथा स्थान मिला, जबकि भू-आबद्ध राज्यों में यह पहले स्थान पर रहा।

दावोस से स्थानीय बाजार तक निवेश की धूम

  • वर्ल्ड इकोनॉमिक फोरम 2026 (दावोस):
    एआई डेटा सेंटर, रक्षा उत्पादन और उन्नत विनिर्माण जैसे क्षेत्रों में ₹2.94 लाख करोड़ से अधिक के निवेश समझौते।
  • स्टार्टअप इकोसिस्टम:
    केंद्र सरकार की रैंकिंग में उत्तर प्रदेश को ‘टॉप परफॉर्मर’ (A-1) श्रेणी में शामिल किया गया।
  • ODOP योजना:
    दिसंबर 2025 तक ₹890.44 करोड़ की मार्जिन मनी वितरित कर 3.22 लाख से अधिक रोजगार के अवसर सृजित किए गए।

ट्रस्ट बेस्ड गवर्नेंस मॉडल की ओर यूपी

आर्थिक समीक्षा के अनुसार उत्तर प्रदेश अब Ease of Doing Business से आगे बढ़ते हुए Trust Based Governance Model की ओर अग्रसर है।

  • कंप्लायंस रिडक्शन में प्रदेश देश में प्रथम स्थान पर
  • निवेश मित्र के माध्यम से सिंगल विंडो सिस्टम
  • भूमि, श्रम और नियामकीय सुधारों से पारदर्शी व निवेश-अनुकूल माहौल

इन उपलब्धियों के साथ उत्तर प्रदेश ने यह साफ कर दिया है कि औद्योगिक विकास अब केवल लक्ष्य नहीं, बल्कि प्रदेश की नई पहचान बन चुका है।

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