Kanshi Ram Jayanti Lucknow: “लखनऊ में कांशीराम जयंती पर बसपा सुप्रीमो मायावती ने संस्थापक कांशीराम को श्रद्धांजलि दी और कार्यकर्ताओं से वोट की ताकत से सत्ता की मास्टर चाबी हासिल करने का आह्वान किया। कार्यक्रम में प्रदेशभर से हजारों बसपा कार्यकर्ता शामिल हुए।“
लखनऊ। बहुजन समाज पार्टी की राष्ट्रीय अध्यक्ष और पूर्व मुख्यमंत्री Mayawati ने रविवार को बसपा संस्थापक Kanshi Ram की जयंती पर उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की। राजधानी लखनऊ स्थित Dr. Bhimrao Ambedkar Samajik Parivartan Sthal पर आयोजित कार्यक्रम में मायावती ने कार्यकर्ताओं से एकजुट होकर वोट की ताकत से सत्ता की “मास्टर चाबी” हासिल करने का आह्वान किया।
इस मौके पर प्रदेश के विभिन्न जिलों से बड़ी संख्या में बसपा कार्यकर्ता और समर्थक लखनऊ पहुंचे। कार्यक्रम को लेकर पार्टी ने पहले से ही ‘चलो लखनऊ’ अभियान चलाया था।
कांशीराम के योगदान को किया याद
मायावती ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर लिखा कि B. R. Ambedkar की सोच और आंदोलन को पूरे देश में आगे बढ़ाने का काम कांशीराम ने किया। उन्होंने बहुजन समाज को संगठित करने के लिए ऐतिहासिक योगदान दिया, जिसे कभी भुलाया नहीं जा सकता।
उन्होंने पार्टी कार्यकर्ताओं से अपील करते हुए कहा कि वे बसपा आंदोलन से जुड़कर मिशनरी और ईमानदार अंबेडकरवादी बनें तथा अपने वोट की शक्ति से सत्ता की मास्टर चाबी हासिल करें।
संविधान के अधिकार लागू करने पर जोर
मायावती ने कहा कि बाबा साहेब द्वारा बनाए गए संविधान में बहुजन समाज के हित, कल्याण, उत्थान और सुरक्षा के लिए जो अधिकार तय किए गए हैं, उन्हें जमीनी स्तर पर लागू करना जरूरी है। यही कांशीराम का मिशन और जीवन संदेश रहा है।
प्रदेश के 12 मंडलों से पहुंचे कार्यकर्ता
जयंती कार्यक्रम में उत्तर प्रदेश के 12 मंडलों से बसपा कार्यकर्ता और समर्थक लखनऊ पहुंचे। पार्टी पदाधिकारियों के अनुसार, इस आयोजन के जरिए संगठन को बूथ स्तर तक सक्रिय करने और कार्यकर्ताओं में नई ऊर्जा भरने की कोशिश की जा रही है।
इस अवसर पर कार्यकर्ताओं ने कांशीराम को श्रद्धांजलि देते हुए उनके विचारों को आगे बढ़ाने का संकल्प लिया। गौतमबुद्ध नगर में भी Rashtriya Dalit Prerna Sthal पर कार्यक्रम आयोजित कर कांशीराम को याद किया गया।
2027 चुनाव की तैयारी का संकेत
राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि कांशीराम जयंती के बहाने बसपा अपनी राजनीतिक सक्रियता को फिर से तेज करने की कोशिश कर रही है। लंबे समय से अपेक्षाकृत शांत दिख रही पार्टी अब संगठनात्मक गतिविधियों को मजबूत करने और आगामी चुनावों की तैयारी में जुटती दिखाई दे रही है।
सूत्रों के मुताबिक, लखनऊ में आयोजित कार्यक्रम के मंच से कुछ संभावित उम्मीदवारों के नामों पर भी चर्चा हुई, जिससे कार्यकर्ताओं को चुनावी तैयारियों का संकेत मिले।
सपा ने मनाया ‘पीडीए दिवस’
दूसरी ओर, Samajwadi Party की बाबा साहेब आंबेडकर वाहिनी ने कांशीराम जयंती को ‘पीडीए दिवस’ के रूप में मनाने का निर्णय लिया। पार्टी अध्यक्ष Akhilesh Yadav के निर्देश पर प्रदेशभर में श्रद्धांजलि सभाएं, विचार गोष्ठियां और सामाजिक जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए गए।
पार्टी पदाधिकारियों ने कहा कि कांशीराम ने अपना पूरा जीवन वंचित, शोषित, दलित और पिछड़े वर्गों के अधिकारों की लड़ाई के लिए समर्पित किया और सामाजिक न्याय तथा समानता के लिए लगातार संघर्ष किया।
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लखनऊ से स्टेट हेड संजीव श्रीवास्तव की रिपोर्ट
