“ कानपुर के चमनगंज इलाके की बकरा मंडी में मारपीट और हंगामे के बाद सपा नेता इरफान सोलंकी समेत दोनों पक्षों पर क्रॉस FIR दर्ज हुई है। पुलिस मामले की जांच कर रही है। जानिए पूरा विवाद।“
कानपुर। कानपुर के चमनगंज इलाके में बकरीद से पहले लगी बकरा मंडी मंगलवार रात हिंसा और विवाद का केंद्र बन गई। समाजवादी पार्टी के नेता और पूर्व विधायक इरफान सोलंकी पर मारपीट, गाली-गलौज और धमकी देने के आरोप में एफआईआर दर्ज की गई है। वहीं दूसरी ओर विधायक नसीम सोलंकी के गनर की शिकायत पर मंडी संचालकों और अन्य लोगों के खिलाफ भी गंभीर धाराओं में मुकदमा कायम किया गया है। घटना के बाद इलाके में तनाव का माहौल बन गया और देर रात तक हंगामा चलता रहा।
बकरा मंडी में रास्ते को लेकर शुरू हुआ विवाद
घटना चमनगंज थाना क्षेत्र स्थित हलीम ग्राउंड की बकरा मंडी की बताई जा रही है। बकरीद के मद्देनजर मंडी में भारी भीड़ उमड़ी हुई थी और सड़क पर लंबा जाम लग गया था।
बकरा बाजार कमेटी के पदाधिकारी वफा अब्बास के मुताबिक वह लोगों को रास्ते से हटाकर यातायात सुचारु कराने की कोशिश कर रहे थे। इसी दौरान पूर्व विधायक इरफान सोलंकी अपने समर्थकों के साथ वहां पहुंचे और विवाद शुरू हो गया।
वफा अब्बास का आरोप है कि कहासुनी के बाद इरफान सोलंकी और उनके समर्थकों ने उनके साथ मारपीट की। उन्होंने आरोप लगाया कि उन्हें और कमेटी से जुड़े समीर, फहद और इकराम को लात-घूसों से पीटा गया और जान से मारने की धमकी दी गई।
इरफान सोलंकी ने आरोपों को बताया बेबुनियाद
पूर्व विधायक इरफान सोलंकी ने अपने ऊपर लगे सभी आरोपों को खारिज कर दिया है। उनका कहना है कि उन्हें मंडी में व्यापारियों से अवैध वसूली किए जाने की लगातार शिकायतें मिल रही थीं।
इरफान सोलंकी के अनुसार वह अपनी पत्नी और सीसामऊ से सपा विधायक नसीम सोलंकी के साथ मंडी में शिकायतों की सच्चाई जानने पहुंचे थे। उन्होंने आरोप लगाया कि जब विधायक ने कथित अवैध वसूली का विरोध किया तो मंडी संचालकों और उनके सहयोगियों ने हमला कर दिया।
विधायक के गनर ने लगाया हमला और कारबाइन छीनने की कोशिश का आरोप
विधायक नसीम सोलंकी के सुरक्षाकर्मी अजीम अहमद की ओर से दर्ज कराई गई एफआईआर में कहा गया है कि वह विवाद शांत कराने और बीच-बचाव करने पहुंचे थे। आरोप है कि इस दौरान मंडी संचालकों और अन्य लोगों ने उनके साथ हाथापाई की।
गनर ने आरोप लगाया कि उनकी वर्दी फाड़ दी गई और उनकी सरकारी कारबाइन छीनने का प्रयास किया गया। शिकायत में यह भी कहा गया है कि आरोपियों ने मंडी का गेट बंद कर उन्हें घेर लिया और जान से मारने की कोशिश की, जिसके बाद वह किसी तरह वहां से निकले।
दोनों पक्षों पर दर्ज हुए मुकदमे
पुलिस ने दोनों पक्षों की शिकायतों के आधार पर क्रॉस एफआईआर दर्ज की है। एक ओर इरफान सोलंकी और उनके अज्ञात समर्थकों के खिलाफ मारपीट, धमकी और गाली-गलौज की धाराओं में मामला दर्ज किया गया है।
वहीं दूसरी ओर वफा अब्बास, इमरान, फहद समेत 15-20 अज्ञात लोगों पर बलवा, सरकारी कार्य में बाधा, लोक सेवक पर हमला और धमकी देने जैसी धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया है।
घटना के बाद मंडी में हंगामा
मारपीट की घटना के बाद बकरा मंडी में अफरा-तफरी और तनाव का माहौल बन गया। स्थानीय लोगों और मंडी पदाधिकारियों ने विरोध प्रदर्शन करते हुए हलीम ग्राउंड के गेट बंद कर दिए और पूर्व विधायक के खिलाफ नारेबाजी शुरू कर दी।
स्थिति बिगड़ती देख चमनगंज थाना पुलिस भारी पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंची। करीब दो घंटे तक चले हंगामे के बाद पुलिस अधिकारियों ने कानूनी कार्रवाई का आश्वासन देकर लोगों को शांत कराया।
पुलिस बोली- जांच के बाद होगी कार्रवाई
पुलिस उपायुक्त सेंट्रल अतुल श्रीवास्तव ने बताया कि देर रात चमनगंज थाना क्षेत्र में एक ही समुदाय के दो पक्षों के बीच विवाद और मारपीट की सूचना मिली थी। दोनों पक्षों की तहरीर के आधार पर मुकदमे दर्ज कर लिए गए हैं।
उन्होंने कहा कि मामले की जांच की जा रही है और विवेचना में जो भी तथ्य सामने आएंगे, उनके आधार पर आगे की कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
पहले भी विवादों में रह चुके हैं इरफान सोलंकी
गौरतलब है कि समाजवादी पार्टी के पूर्व विधायक इरफान सोलंकी पहले भी कई मामलों को लेकर चर्चा में रहे हैं। आगजनी से जुड़े एक मामले में वह करीब 34 महीने जेल में रहने के बाद पिछले वर्ष जमानत पर रिहा हुए थे।
अब बकरा मंडी में हुए इस नए विवाद ने एक बार फिर कानपुर की राजनीति और कानून-व्यवस्था को लेकर चर्चाएं तेज कर दी हैं।
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