UP चुनाव 2027: दलित वोटरों पर बीजेपी का फोकस, रविदास जयंती तक चलेगा ‘समरसता संकल्प अभियान’

उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव 2027 से पहले बीजेपी ने दलित समाज तक पहुंच मजबूत करने के लिए 29 जुलाई से 20 फरवरी तक ‘गुरु रविदास समरसता संकल्प अभियान’ चलाने का ऐलान किया है।

लखनऊ। उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव 2027 की तैयारियों में जुटी भारतीय जनता पार्टी ने दलित समाज के बीच अपनी पकड़ मजबूत करने के लिए बड़ा अभियान शुरू करने की घोषणा की है। पार्टी 29 जुलाई से संत गुरु रविदास जयंती (20 फरवरी) तक ‘गुरु रविदास समरसता संकल्प अभियान’ चलाएगी। अभियान के तहत पूरे प्रदेश में समरसता यात्रा, कलश वंदन, गोष्ठियां और धार्मिक-सांस्कृतिक कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे।

इस अभियान की रूपरेखा गुरुवार को लखनऊ स्थित विश्वेश्वरैया सभागार में आयोजित राज्य स्तरीय कार्यशाला में तैयार की गई।

वाराणसी से होगी अभियान की शुरुआत

बीजेपी के अनुसार, अभियान का शुभारंभ 29 जुलाई को संत रविदास की जन्मस्थली वाराणसी से होगा। गुरु पूर्णिमा के अवसर पर रविदास मंदिरों में सामूहिक दीप प्रज्ज्वलन, आरती, गुरुवाणी पाठ, भजन संध्या और समरसता संकल्प कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे।

इसके साथ ही संत रविदास के विचारों और सामाजिक समरसता के संदेश को जन-जन तक पहुंचाने के लिए विशेष अभियान चलाया जाएगा।

प्रदेशभर में निकलेगी कलश यात्रा

अभियान के तहत संत रविदास की जन्मस्थली की पावन मिट्टी से भरे संकल्प कलश तैयार किए जाएंगे। इन कलशों को देश के विभिन्न राज्यों और उत्तर प्रदेश के सभी जिलों तक पहुंचाया जाएगा।

कलश यात्रा के दौरान रविदास मंदिरों, प्रमुख धार्मिक स्थलों, छात्रावासों, संत-महात्माओं और समाज के प्रबुद्ध वर्ग से संपर्क कर सामाजिक समरसता का संदेश दिया जाएगा।

10 सितंबर तक चलेगा कलश वंदन अभियान

बीजेपी ने अभियान का विस्तृत कार्यक्रम भी जारी किया है।

  • 25 से 27 जुलाई: सभी संगठनात्मक जिलों में कार्यशालाएं।
  • 29 जुलाई: वाराणसी से अभियान का शुभारंभ।
  • 29 जुलाई से 31 अगस्त: संतों, महंतों और समाज के प्रबुद्ध लोगों से संपर्क अभियान।
  • 10 सितंबर तक: कलश वंदन अभियान।
  • 5 अक्टूबर से 5 नवंबर: गुरु रविदास समरसता यात्रा, जो पंजाब के जलधर (जालंधर) से शुरू होकर वाराणसी में समाप्त होगी।
  • 20 फरवरी: संत रविदास जयंती पर अभियान का समापन।

‘समता और सामाजिक न्याय का संदेश घर-घर पहुंचाएंगे’

बीजेपी अनुसूचित जाति मोर्चा के राष्ट्रीय अध्यक्ष और अभियान के संयोजक लाल सिंह आर्य ने कहा कि संत रविदास की 650वीं जयंती के अवसर पर पार्टी उनके समता, सेवा, भक्ति, सामाजिक न्याय और मानवता के विचारों को जन-जन तक पहुंचाएगी।

उन्होंने कहा कि बीजेपी महापुरुषों, संतों और समाज सुधारकों के विचारों को समाज तक पहुंचाने के लिए लगातार अभियान चलाती रही है।

‘समरसता के मार्ग पर काम कर रही सरकार’

प्रदेश अध्यक्ष पंकज चौधरी ने कहा कि संत रविदास ने समाज को समरसता का संदेश दिया था और भाजपा सरकार उसी विचारधारा के अनुरूप समाज के सभी वर्गों के कल्याण के लिए काम कर रही है।

प्रदेश महामंत्री (संगठन) धर्मपाल सिंह ने कहा कि अभियान के माध्यम से सामाजिक समरसता को मजबूत करने के साथ-साथ संत रविदास के जीवन और विचारों को नई पीढ़ी तक पहुंचाने का प्रयास किया जाएगा।

2027 चुनाव से पहले दलित समाज पर विशेष फोकस

राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि विधानसभा चुनाव 2027 से पहले बीजेपी का यह अभियान दलित समाज के बीच संगठनात्मक और वैचारिक पहुंच बढ़ाने की रणनीति का हिस्सा माना जा रहा है। हालांकि, पार्टी का कहना है कि अभियान का उद्देश्य संत रविदास के सामाजिक समरसता और समानता के संदेश का व्यापक प्रसार करना है।

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