“UP Minimum Wages Hike 2026: नोएडा-ग्रेटर नोएडा में मजदूरों के आंदोलन के बाद योगी सरकार ने न्यूनतम मजदूरी में 21% की बढ़ोतरी की है। अब अकुशल मजदूरों को 13,690 रुपये मिलेंगे।
लखनऊ। उत्तर प्रदेश में मजदूरों के आंदोलन ने आखिरकार रंग दिखाया। Yogi Adityanath सरकार ने न्यूनतम मजदूरी में करीब 21 प्रतिशत की बढ़ोतरी का बड़ा ऐलान किया है। यह फैसला नोएडा और ग्रेटर नोएडा के औद्योगिक क्षेत्रों में चल रहे श्रमिकों के आंदोलन के बाद देर रात लिया गया।
सरकार द्वारा जारी नए आदेश के अनुसार गौतमबुद्ध नगर और गाजियाबाद में अकुशल श्रमिकों की न्यूनतम मजदूरी 11,313 रुपये से बढ़ाकर 13,690 रुपये कर दी गई है। वहीं अर्धकुशल श्रमिकों का वेतन 12,445 रुपये से बढ़कर 15,059 रुपये और कुशल श्रमिकों का 13,940 रुपये से बढ़कर 16,868 रुपये हो गया है।

अन्य नगर निगम क्षेत्रों में भी मजदूरी में बढ़ोतरी की गई है, जहां अकुशल श्रमिकों को 13,006 रुपये, अर्धकुशल को 14,306 रुपये और कुशल श्रमिकों को 16,025 रुपये मिलेंगे। इसके अलावा बाकी जिलों में भी नई दरें लागू की गई हैं, जिससे प्रदेशभर के लाखों श्रमिकों को सीधा लाभ मिलेगा।
दरअसल, हरियाणा में 1 अप्रैल 2026 से न्यूनतम मजदूरी में 35 प्रतिशत बढ़ोतरी के बाद नोएडा के मजदूरों में असंतोष बढ़ गया था। उनका कहना था कि बढ़ती महंगाई के बावजूद उनका वेतन 9 से 13 हजार रुपये के बीच ही सीमित है। ओवरटाइम का उचित भुगतान, साप्ताहिक अवकाश और समय पर वेतन-बोनस जैसी सुविधाओं की कमी को लेकर भी वे नाराज थे।
पिछले सप्ताह नोएडा के फेज-2, सेक्टर 60, 62, 84 और होजरी कॉम्प्लेक्स में मजदूर सड़कों पर उतर आए। शुरुआत में शांतिपूर्ण प्रदर्शन धीरे-धीरे उग्र हो गया। 13 अप्रैल को कई स्थानों पर जाम, तोड़फोड़ और आगजनी की घटनाएं सामने आईं, जिसके बाद पुलिस को लाठीचार्ज और आंसू गैस का सहारा लेना पड़ा।
मजदूरों की मुख्य मांगों में न्यूनतम वेतन 18-20 हजार रुपये करना, ओवरटाइम का दोगुना भुगतान, साप्ताहिक अवकाश, समय पर वेतन और बोनस तथा बेहतर कार्य परिस्थितियां शामिल थीं।
स्थिति बिगड़ने के बाद सरकार ने त्वरित कार्रवाई करते हुए मजदूरी बढ़ाने का निर्णय लिया। माना जा रहा है कि इस फैसले से औद्योगिक क्षेत्रों में शांति बहाल होगी और मजदूरों के जीवन स्तर में सुधार आएगा।
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