“प्रतापगढ़ के महेशगंज थाना क्षेत्र में पीड़िता ने आरोप लगाया है कि शिकायत और रोक के बावजूद दबंगों ने अवैध निर्माण कराया। राजस्व विभाग और पुलिस के बीच मामला उलझा हुआ है।“
प्रतापगढ़। प्रतापगढ़ के महेशगंज थाना क्षेत्र में अवैध निर्माण को लेकर एक महिला पीड़िता न्याय के लिए दर-दर भटकने को मजबूर है। पीड़िता ने राजस्व विभाग और स्थानीय पुलिस पर लापरवाही का आरोप लगाया है।
शिकायत के बाद भी नहीं रुका निर्माण
पीड़िता कुसुम देवी के अनुसार, उन्होंने जमीन विवाद और अवैध निर्माण को लेकर संबंधित अधिकारियों को शिकायत दी थी। शिकायत के बाद राजस्व विभाग के लेखपाल और पुलिस ने संयुक्त जांच कर रिपोर्ट तैयार की थी।
बताया गया कि जांच के बाद आरोपियों को मौके पर किसी भी प्रकार का निर्माण कार्य न करने के निर्देश दिए गए थे।
रोक के बावजूद दबंगों ने कराया निर्माण
पीड़िता का आरोप है कि प्रशासनिक रोक के बावजूद आरोपियों ने दबंगई दिखाते हुए निर्माण कार्य जारी रखा और पूरा ढांचा खड़ा कर लिया।
उन्होंने कहा कि जब पहली बार निर्माण रुकवाया गया था, तब उम्मीद जगी थी कि प्रशासन कार्रवाई करेगा, लेकिन बाद में पुलिस निष्क्रिय बनी रही।
पुलिस पर गंभीर आरोप
कुसुम देवी का कहना है कि उन्होंने कई बार महेशगंज पुलिस और प्रभारी निरीक्षक से शिकायत की कि मौके पर अवैध निर्माण किया जा रहा है, लेकिन कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई।
पीड़िता ने आरोप लगाया कि पुलिस हाथ पर हाथ धरे बैठी रही और दबंग लगातार निर्माण करते रहे।
राजस्व विभाग भी सवालों के घेरे में
मामले में राजस्व विभाग की भूमिका पर भी सवाल उठ रहे हैं। स्थानीय लोगों का कहना है कि जब संयुक्त जांच में निर्माण रोकने की पुष्टि हो चुकी थी, तो फिर आदेश का पालन क्यों नहीं कराया गया।
न्याय की मांग
पीड़िता ने जिला प्रशासन से मामले में निष्पक्ष जांच कर दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है। साथ ही अवैध निर्माण हटवाने और सुरक्षा देने की भी गुहार लगाई है।
प्रशासन की कार्रवाई पर नजर
अब देखना होगा कि प्रतापगढ़ जिला प्रशासन इस मामले में क्या कदम उठाता है और पीड़िता को न्याय कब तक मिलता है।
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