“लखनऊ में अवैध निर्माण के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट ने सख्त कदम उठाया है। गूगल स्ट्रीट व्यू से अलीगंज क्षेत्र में 51 अवैध निर्माण चिह्नित किए गए हैं। 24 अगस्त को न्यायमित्र मौके पर निरीक्षण करेंगे।“
लखनऊ। अलीगंज अग्निकांड में 15 युवाओं की मौत के बाद लखनऊ में अवैध निर्माणों के खिलाफ कार्रवाई को लेकर सुप्रीम कोर्ट ने सख्त रुख अपनाया है। शीर्ष अदालत ने अलीगंज क्षेत्र में अग्निकांड स्थल के आसपास मौजूद अवैध निर्माणों की पहचान के लिए पहली बार गूगल स्ट्रीट व्यू जैसी डिजिटल तकनीक का इस्तेमाल किया। इसके जरिए क्षेत्र में 51 अवैध निर्माण चिह्नित किए गए हैं।
अब इन निर्माणों की जमीनी स्थिति की जांच के लिए सुप्रीम कोर्ट के न्यायमित्र (एमिकस क्यूरी) 24 अगस्त को लखनऊ पहुंचेंगे। उनकी टीम मौके पर जाकर निर्माणों की स्थिति का निरीक्षण करेगी और इसके बाद अपनी रिपोर्ट शीर्ष अदालत में दाखिल करेगी।
अलीगंज अग्निकांड के बाद सुप्रीम कोर्ट ने लिया स्वत: संज्ञान
अलीगंज के सेक्टर-डी में भूखंड संख्या एमएस-102 पर बने अवैध व्यावसायिक कांप्लेक्स में 22 जून को भीषण आग लगी थी। हादसे में 15 युवाओं की जलकर मौत हो गई थी। घटना के बाद सुप्रीम कोर्ट ने मामले का स्वत: संज्ञान लिया और देशभर में इस तरह की घटनाओं से जुड़े मामलों की सुनवाई शुरू की।
सुनवाई के दौरान शीर्ष अदालत ने अग्निकांड की एसआईटी जांच रिपोर्ट भी मांगी। साथ ही लखनऊ विकास प्राधिकरण को अग्निकांड स्थल के आसपास चिह्नित किए गए 51 अवैध निर्माणों की सूची उपलब्ध कराई गई।
पहली बार डिजिटल तकनीक से अवैध निर्माणों की पहचान
आमतौर पर अदालतें संबंधित विभागों की रिपोर्ट के आधार पर अवैध निर्माणों को लेकर कार्रवाई का निर्देश देती हैं। लेकिन इस मामले में सुप्रीम कोर्ट ने डिजिटल तकनीक का इस्तेमाल कर अलीगंज क्षेत्र में संभावित अवैध निर्माणों की पहचान कराई है।
गूगल स्ट्रीट व्यू की मदद से चिह्नित किए गए निर्माणों की वास्तविक स्थिति जानने के लिए अब न्यायमित्र की टीम मौके पर पहुंचेगी। एलडीए ने टीम के सहयोग के लिए मानचित्र विभाग में तैनात ड्राफ्टमैन मुकेश वर्मा और अमर पाल को नियुक्त किया है।
24 अगस्त को मौके पर होगा निरीक्षण
न्यायमित्र और उनकी टीम 24 अगस्त को अलीगंज क्षेत्र का दौरा कर सकती है। टीम चिह्नित किए गए निर्माणों की वास्तविक स्थिति, उनके स्वरूप और मौके पर मौजूद परिस्थितियों का आकलन करेगी। इसके बाद रिपोर्ट सुप्रीम कोर्ट के समक्ष रखी जाएगी।
101 अवैध निर्माणों पर चलेगा बुलडोजर
अलीगंज अग्निकांड के बाद एलडीए ने पूरे शहर में अवैध भवनों के खिलाफ व्यापक अभियान शुरू किया है। एलडीए उपाध्यक्ष प्रथमेश कुमार के अनुसार, अलीगंज के 51 भवनों के अलावा शहर के अन्य क्षेत्रों में 50 और अवैध निर्माण चिह्नित किए गए हैं।
इस तरह कुल 101 अवैध निर्माणों पर कार्रवाई की तैयारी है। एलडीए की ओर से संबंधित भवनों को नोटिस देने और कई जगहों पर भवनों व दुकानों को सील करने की कार्रवाई भी की जा रही है। अब इन निर्माणों पर ध्वस्तीकरण की कार्रवाई की तैयारी की जा रही है।
क्या है गूगल स्ट्रीट व्यू?
गूगल स्ट्रीट व्यू एक डिजिटल सुविधा है, जिसके माध्यम से गूगल मैप्स पर किसी सड़क, स्थान या भवन का 360 डिग्री दृश्य देखा जा सकता है। इसके जरिए किसी इलाके को वर्चुअल तरीके से देखा और वहां मौजूद इमारतों, दुकानों तथा सड़कों की स्थिति को समझा जा सकता है।
लखनऊ के अलीगंज क्षेत्र में इसी तकनीक का इस्तेमाल कर सुप्रीम कोर्ट ने अवैध निर्माणों की पहचान की है। अब डिजिटल पहचान के बाद जमीनी निरीक्षण और न्यायिक रिपोर्ट के जरिए इन निर्माणों पर आगे की कार्रवाई का रास्ता तय होगा।








