“सपा प्रमुख अखिलेश यादव ने NDA में सीट बंटवारे को लेकर भाजपा पर निशाना साधा। उन्होंने दावा किया कि भाजपा सहयोगी दलों को साथ रखने के लिए रालोद, सुभासपा, निषाद पार्टी और अपना दल को बड़ी संख्या में सीटें देने की योजना बना रही है। अखिलेश ने महंगाई, बेरोजगारी और भ्रष्टाचार को लेकर भी भाजपा सरकार पर हमला बोला।“
लखनऊ। उत्तर प्रदेश की सियासत में 2027 विधानसभा चुनाव को लेकर राजनीतिक दलों के बीच आरोप-प्रत्यारोप का दौर तेज हो गया है। समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने मंगलवार को भाजपा और उसके सहयोगी दलों के बीच संभावित सीट बंटवारे को लेकर बड़ा दावा किया। उन्होंने कहा कि भाजपा आगामी चुनाव में अपने सहयोगी दलों को साथ बनाए रखने के लिए सीटों के बंटवारे की रणनीति पर काम कर रही है।
अखिलेश यादव ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर एक पोस्ट के जरिए दावा किया कि भाजपा अपने सहयोगी दलों को इधर-उधर छिटकने से रोकने के लिए उन्हें बड़ी संख्या में विधानसभा सीटें देने की योजना बना रही है।
‘रालोद को 73 और सुभासपा को 39 सीटें देने की योजना’
सपा प्रमुख ने अपने पोस्ट में दावा किया कि भाजपा रालोद को 73, सुभासपा को 39, निषाद पार्टी को 31 और अपना दल को 19 सीटें देने की योजना पर काम कर रही है। उन्होंने कहा कि यह रणनीति भाजपा ने अपने सहयोगियों को एकजुट रखने और चुनावी नुकसान से बचने के लिए बनाई है।
अखिलेश ने तंज कसते हुए कहा कि यदि यह खबर सही है तो यह स्वागत योग्य है, लेकिन पीडीए की जनसंख्या के अनुपात में यह हिस्सेदारी भी आधे से कम है। उनके मुताबिक इसी कारण भाजपा की यह योजना सफल नहीं होगी।
हालांकि, अखिलेश यादव की ओर से बताए गए सीटों के आंकड़े दावे के तौर पर सामने आए हैं और उनके पोस्ट में भी इन्हें सूत्रों के हवाले से आई खबर के रूप में बताया गया है। इसे भाजपा या उसके सहयोगी दलों की ओर से घोषित आधिकारिक सीट बंटवारा नहीं माना जा सकता।
महंगाई और बेरोजगारी को लेकर भाजपा पर हमला
अखिलेश यादव ने भाजपा सरकार पर महंगाई, बेरोजगारी और भ्रष्टाचार को लेकर भी निशाना साधा। उन्होंने आरोप लगाया कि इन मुद्दों के कारण जनता भाजपा से नाराज है और आगामी चुनाव में इसका असर देखने को मिलेगा।
सपा अध्यक्ष ने अपने बयान में चढ़ावा चोरी प्रकरण समेत कई मुद्दों का उल्लेख करते हुए भाजपा पर गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने दावा किया कि जनता अब भाजपा और उसके सहयोगियों को सत्ता से हटाने का मन बना चुकी है।
कार्यकर्ताओं से बूथ मजबूत करने की अपील
इससे पहले मंगलवार को सपा मुख्यालय में पार्टी कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए अखिलेश यादव ने संगठन को चुनाव के लिए मजबूत करने पर जोर दिया। उन्होंने कार्यकर्ताओं से एकजुट होकर बूथ स्तर पर संगठन को मजबूत करने और पार्टी द्वारा घोषित प्रत्याशियों को चुनाव जिताने के लिए पूरी ताकत से काम करने का आह्वान किया।
उन्होंने कहा कि चुनाव में बूथ स्तर की तैयारी बेहद महत्वपूर्ण होगी। कार्यकर्ताओं को अभी से संगठन को मजबूत करने और जनता के बीच पार्टी की नीतियों एवं मुद्दों को लेकर पहुंच बढ़ाने के निर्देश दिए गए।
खिलाड़ियों से भी मिले अखिलेश
इस दौरान अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिताओं में पदक जीतने वाले खिलाड़ियों ने भी सपा प्रमुख से मुलाकात की। थाईलैंड में आयोजित अंतरराष्ट्रीय चैंपियनशिप में स्वर्ण पदक जीतने वाले समर वर्मा, रजत पदक विजेता देवम पासवान और दिलीप कुमार ने अखिलेश यादव से मुलाकात की।
इसके अलावा मलेशिया में आयोजित क्लासिक ताइक्वांडो चैंपियनशिप में कांस्य पदक जीतने वाले गाजीपुर के खिलाड़ी पीयूष कुशवाहा ने भी सपा अध्यक्ष से भेंट की। अखिलेश यादव ने खिलाड़ियों से मुलाकात कर उनकी उपलब्धियों की सराहना की।
2027 से पहले गठबंधन की राजनीति तेज
उत्तर प्रदेश में अगले विधानसभा चुनाव को अभी समय है, लेकिन भाजपा और उसके सहयोगी दलों के साथ सपा समेत विपक्षी दलों ने चुनावी तैयारियां तेज कर दी हैं। ऐसे में सीट बंटवारे को लेकर सामने आने वाले दावे और राजनीतिक बयान आने वाले दिनों में यूपी की सियासत को और गर्म कर सकते हैं।
भाजपा की ओर से सहयोगी दलों के साथ सीटों के किसी आधिकारिक फॉर्मूले की घोषणा होने के बाद ही यह स्पष्ट होगा कि आगामी विधानसभा चुनाव में गठबंधन के भीतर सीटों का वास्तविक बंटवारा किस तरह किया जाता है।








