हरदोई में खाकी का काला सच: फरियादी से गाली-गलौज, दरोगा शिव बाबू सस्पेंड

थाने में न्याय मांगने पहुंचे युवक से अभद्रता, उल्टा शांति भंग में कार्रवाई; वीडियो सामने आते ही पुलिस महकमे में हड़कंप

हरदोई के कछौना थाना क्षेत्र में फरियादी से गाली-गलौज और बदसलूकी का वीडियो वायरल होने के बाद दरोगा शिव बाबू को अशोक कुमार मीणा ने निलंबित कर दिया। जानें पूरी घटना, वीडियो विवाद और पुलिस कार्रवाई।

कछौना/हरदोई। थानों में आमजन की सुरक्षा और न्याय के दावों के बीच खाकी का एक और चिंताजनक चेहरा सामने आया है। कछौना थाना क्षेत्र में एक फरियादी के साथ कथित बदसलूकी का मामला तूल पकड़ गया है, जिसका वीडियो वायरल होने के बाद पुलिस विभाग को कार्रवाई करनी पड़ी।

न्याय की उम्मीद लेकर पहुंचे, मिला अपमान

जानकारी के अनुसार ग्राम कलौली के मजरा मढ़िया निवासी राजेश अपने एक मामले में शिकायत लेकर थाने पहुंचे थे। आरोप है कि वहां तैनात दरोगा शिव बाबू ने उनसे अभद्र भाषा में बात की और गाली-गलौज करते हुए थाने से भगा दिया।

धक्का-मुक्की और उल्टा कार्रवाई का आरोप

फरियादी का आरोप है कि दरोगा ने न केवल गालियां दीं बल्कि धक्का-मुक्की भी की। इतना ही नहीं, बाद में उसी फरियादी के खिलाफ शांति भंग की कार्रवाई भी कर दी गई, जिससे मामला और गंभीर हो गया।

वीडियो वायरल, मचा हड़कंप

घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हुआ, जिसमें दरोगा का व्यवहार स्पष्ट रूप से देखा जा सकता है। वीडियो सामने आने के बाद पुलिस की कार्यप्रणाली पर सवाल खड़े होने लगे और मामला तेजी से चर्चा में आ गया।

एसपी ने लिया संज्ञान, दरोगा निलंबित

मामले के बढ़ने पर पुलिस अधीक्षक अशोक कुमार मीणा ने वीडियो का संज्ञान लेते हुए संबंधित दरोगा को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया। फिलहाल विभागीय जांच जारी है।

स्थानीय लोगों में नाराजगी

घटना के बाद स्थानीय लोगों में रोष है। लोगों का कहना है कि यह कोई पहला मामला नहीं है, बल्कि थानों में आम आदमी के साथ ऐसा व्यवहार बढ़ता जा रहा है। इससे पुलिस की छवि पर सवाल खड़े हो रहे हैं।

बड़ा सवाल: फरियादी कहां जाए?

यह घटना एक बार फिर यह सोचने पर मजबूर करती है कि जब थाने में ही फरियादी सुरक्षित महसूस न करे, तो न्याय की उम्मीद कहां की जाए। “रक्षक ही भक्षक” बनने की ऐसी घटनाएं आमजन के भरोसे को कमजोर करती हैं।

दरोगा के निलंबन से तत्काल कार्रवाई जरूर हुई है, लेकिन यह मामला पुलिस व्यवस्था में सुधार की जरूरत की ओर भी इशारा करता है। अब निगाहें विभागीय जांच और आगे की कार्रवाई पर टिकी हैं।

“देश-दुनिया से जुड़े राजनीतिक, मनोरंजन और खेल और सामयिक घटनाक्रम की विस्तृत और सटीक जानकारी के लिए ‘राष्ट्रीय प्रस्तावना’ के साथ जुड़े रहें। ताज़ा खबरों, चुनावी बयानबाज़ी और विशेष रिपोर्ट्स के लिए हमारे साथ बने रहें।”

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button