“मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने नाग पंचमी पर उत्तर प्रदेशवासियों को शुभकामनाएं दीं। उन्होंने पर्व को प्रकृति सम्मान, सांस्कृतिक चेतना और जीव-जगत के प्रति करुणा का प्रतीक बताया।“
लखनऊ। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सोमवार को नाग पंचमी के पावन पर्व पर प्रदेशवासियों को हार्दिक बधाई और शुभकामनाएं दीं। उन्होंने कामना की कि भगवान भोलेनाथ की कृपा से प्रदेश के हर परिवार में सुख, शांति और समृद्धि बनी रहे।
मुख्यमंत्री ने नाग पंचमी को भारतीय संस्कृति की उस समृद्ध परंपरा का प्रतीक बताया, जिसमें प्रकृति, जीव-जंतुओं और समस्त चराचर जगत के साथ आत्मीय और संवेदनशील संबंध स्थापित करने का संदेश दिया गया है।
प्रकृति के प्रति सम्मान का संदेश देता है पर्व
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि नाग पंचमी केवल धार्मिक आस्था का पर्व नहीं है, बल्कि यह सांस्कृतिक चेतना, प्रकृति के प्रति सम्मान और जीव-जगत के प्रति करुणा का भी प्रतीक है।
उन्होंने कहा कि भारतीय जीवन-दर्शन में प्रकृति और मनुष्य के बीच संतुलन को विशेष महत्व दिया गया है। नाग पंचमी जैसे पर्व नई पीढ़ी को देश की समृद्ध सांस्कृतिक विरासत से जोड़ने के साथ-साथ पर्यावरण और जीव-जंतुओं के प्रति जिम्मेदार व्यवहार की प्रेरणा देते हैं।
सनातन परंपरा में नागों का विशेष महत्व
मुख्यमंत्री ने कहा कि भारतीय सनातन परंपरा में नागों का विशेष आध्यात्मिक और सांस्कृतिक महत्व रहा है। धर्मशास्त्रों और धार्मिक मान्यताओं में नागों को अलग-अलग स्वरूपों में पूजनीय माना गया है।
उन्होंने कहा कि भगवान विष्णु शेषनाग की शैय्या पर विराजमान होते हैं, जबकि भगवान शिव के अलंकारों में भी सर्प का विशेष स्थान है। इस तरह नागों का संबंध भारतीय धार्मिक परंपरा में शक्ति, चेतना और संरक्षण के भाव से जुड़ा हुआ है।
शिव आराधना और नाग पंचमी का विशेष संयोग
योगी आदित्यनाथ ने कहा कि सावन मास भगवान शिव की आराधना का विशेष समय माना जाता है। इसी दौरान नाग पंचमी का पर्व पड़ने से इसकी आध्यात्मिक महत्ता और बढ़ जाती है।
उन्होंने कहा कि नागों का संबंध आध्यात्मिक साधना, शक्ति और संरक्षण से भी जोड़ा गया है। यह पर्व भारतीय संस्कृति में प्रकृति के प्रति श्रद्धा और सभी जीवों के संरक्षण की भावना को मजबूत करता है।
मनुष्य और प्रकृति के बीच संतुलन जरूरी
मुख्यमंत्री ने कहा कि भारतीय जीवन-दर्शन हमेशा मनुष्य और प्रकृति के बीच संतुलन स्थापित करने का संदेश देता रहा है। इसमें सभी जीवों के प्रति करुणा और उनके संरक्षण की भावना को महत्वपूर्ण स्थान दिया गया है।
उन्होंने प्रदेशवासियों से पर्व की भावना को आत्मसात करते हुए प्रकृति और जीव-जंतुओं के प्रति संवेदनशील व्यवहार करने का संदेश दिया।
सतीश महाना ने भी दी शुभकामनाएं
विधानसभा अध्यक्ष सतीश महाना ने भी नाग पंचमी के पावन पर्व पर प्रदेशवासियों को हार्दिक बधाई और शुभकामनाएं दीं। उन्होंने पर्व के अवसर पर प्रदेशवासियों के सुख, शांति और समृद्धि की कामना की।
नाग पंचमी के अवसर पर प्रदेश के विभिन्न हिस्सों में मंदिरों में विशेष पूजा-अर्चना और धार्मिक आयोजन किए जा रहे हैं। सावन सोमवार के साथ नाग पंचमी पड़ने से शिवालयों में श्रद्धालुओं की विशेष भीड़ भी देखने को मिल रही है।
Meta Description: मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने नाग पंचमी पर प्रदेशवासियों को बधाई दी। उन्होंने पर्व को प्रकृति सम्मान, सांस्कृतिक चेतना और जीव-जगत के प्रति करुणा का प्रतीक बताते हुए सनातन परंपरा में नागों के आध्यात्मिक महत्व को रेखांकित किया।





