
श्रीनगर: जम्मू-कश्मीर में उमर अब्दुल्ला सरकार के मंत्रिमंडल विस्तार के बाद मंत्रियों के विभागों का बंटवारा कर दिया गया है। उपराज्यपाल मनोज सिन्हा ने बुधवार को विभागों के आवंटन से जुड़े आदेश पर मुहर लगा दी। इस फेरबदल में कई पुराने मंत्रियों के विभाग बदले गए हैं, जबकि नए मंत्रियों को अहम जिम्मेदारियां सौंपी गई हैं।
उपमुख्यमंत्री सुरिंदर चौधरी से खनन विभाग वापस लिया गया है। वहीं, जावेद अहमद राणा से जल शक्ति, जाविद अहमद डार से पंचायती राज और सकीना इत्तू से स्कूली शिक्षा विभाग की जिम्मेदारी वापस ली गई है।
जाविद अहमद डार को वित्त मंत्रालय
जाविद अहमद डार को वित्त मंत्रालय की जिम्मेदारी सौंपी गई है। इसके साथ ही उन्हें कृषि उत्पादन, खनन और सहकारिता विभाग भी दिए गए हैं। इससे पहले वित्त विभाग मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला के पास था।

वरिष्ठ नेता अली मोहम्मद सागर को राजस्व, बिजली विकास, कानून, न्याय एवं संसदीय कार्य और चुनाव विभाग की जिम्मेदारी दी गई है।
किस मंत्री को कौन-सा विभाग मिला?
सरकारी आदेश के मुताबिक, मंत्रियों के बीच विभागों का बंटवारा इस प्रकार किया गया है:
- उपमुख्यमंत्री सुरिंदर चौधरी: लोक निर्माण (आरएंडबी), उद्योग एवं वाणिज्य, श्रम एवं रोजगार और कौशल विकास।
- जाविद अहमद डार: कृषि उत्पादन, वित्त, खनन और सहकारिता।
- अली मोहम्मद सागर: राजस्व, बिजली विकास, कानून, न्याय एवं संसदीय कार्य और चुनाव।
- सकीना इत्तू: स्वास्थ्य एवं चिकित्सा शिक्षा और समाज कल्याण।
- शमीमा फिरदौस: स्कूली शिक्षा, उच्च शिक्षा और जल शक्ति।
- अल्ताफ अहमद वानी कालू: वन, पारिस्थितिकी एवं पर्यावरण और ग्रामीण विकास एवं पंचायती राज।
- मीर सैफुल्लाह: योजना, विकास एवं निगरानी, संस्कृति, युवा सेवा एवं खेल और प्रशासनिक सुधार।
- जावेद अहमद राणा: खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता मामले, जनजातीय कार्य और परिवहन।
बाकी विभाग मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला के पास
मंत्रियों को विभाग आवंटित करने के बाद जो विभाग शेष रहेंगे, वे मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला के पास रहेंगे।
उपराज्यपाल सचिवालय, लोक भवन के आदेश के अनुसार, विभागों का आवंटन ट्रांजेक्शन ऑफ बिजनेस रूल्स, 2019 के प्रावधानों के तहत किया गया है। इस फेरबदल के बाद जम्मू-कश्मीर सरकार में मंत्रियों की जिम्मेदारियों में बदलाव हुआ है।








